अम्बिकापुर, द प्राइम न्यूज नेटवर्क। मानव तस्करी और दुष्कर्म के दो आरोपितों को अपर सत्र न्यायालय ने 20 20 साल के कैद की सजा सुनाई है। जानकारी के मुताबिक 10 जनवे 2018 को सूरजपुर जिले के रामानुजनगर थाना क्षेत्र की एक किशोरी ने शिकायत दर्ज कराई की अक्टूबर 2014 में आरोपित श्रीराम और खच्चू उसे बाइक में घर छोड़ने का झांसा देकर अपने साथ ले गए और जबरन दुष्कर्म कर,उसकी अश्लील फोटो खींच लिए। घटना की जानकारी देने पर फोटो वायरल करने के धमकी दे कर उसका मुंह बंद कर दिया। कुछ दिनों के बाद आरोपितों ने उसे फोटो के बूते ब्लैकमेल कर बाइक में बैठा कर चरचा ले गए। यहां से ट्रेन में बैठा कर अनूपपुर,ग्वालियर होते हुए शिवपुरी ले आये।इस दौरान आरोपितों ने पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया। आरोपितों ने 62 हजार में पीड़िता को रघुबीर नाम के एक व्यक्ति के हाथों बेच दिया। आरोपित रघुबीर ने पीड़िता को जबरन अपने बेटे कुमेर की पत्नी बना कर रखा था। इस बीच पीड़िता एक बच्चे की मां भी बन गई थी। पीड़िता की शिकायत पर
रामानुजगंज पुलिस ने आरोपित श्रीराम उर्फ लल्लू,खच्चू,कुमेर और रघुबीर धोबी के खिलाफ 363, 366,366 ए,373,368,344,506,509,376 डी और पास्को एक्ट की धारा 4 के तहत अपराध दर्ज किया था। मामले में अभियोजन और बचाव पक्ष की दलील सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश रंजू राउत राय ने आरोपितों के खिलाफ पर्याप्त सबूत पाए जाने पर आरोपितो को 363 के तहत 4 साल श्रम कारावास और सौ रुपए का जुर्माना, धारा 366 क,के तहत सात वर्ष कारावास और सौ रुपए का जुर्माना,धारा 370 के तहत और पास्को एक्ट के तहत 20 साल की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा ना किये जाने आरोपितों को अतिरिक्त कारावास का दंड भुगतना पड़ेगा।




