श्रमिकों के कल्याण के लिए सरकार प्रतिबद्ध, 70 से अधिक योजनाएं की जा रही है संचालित: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

Picture of The Prime News

The Prime News

SHARE:

[responsivevoice_button voice="Hindi Female"]

 

*मुख्यमंत्री ने 79,340 निर्माण श्रमिकों एवं उनके परिजनों को 27.14 करोड़ की राशि बैंक खातों में किए अंतरित*

जशपुरनगर, 28 मार्च 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज जिला मुख्यालय के वशिष्ठ कम्युनिटी हॉल में आयोजित जिला स्तरीय श्रमिक सम्मेलन में शामिल हुए और विभिन्न श्रमिक कल्याणकारी योजनाओं के अंतर्गत राज्य के 79,340 निर्माण श्रमिकों एवं उनके परिजनों को 27 करोड़ 14 लाख 97 हजार रुपए से अधिक की राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में अंतरित किए। कार्यक्रम में श्रम मंत्री श्री लखनलाल देवांगन, छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अध्यक्ष डॉ. राम प्रताप सिंह, छत्तीसगढ़ राज्य अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम के अध्यक्ष श्री सुरेन्द्र कुमार बेसरा, श्रम कल्याण मंडल अध्यक्ष श्री योगेश दत्त मिश्रा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री सालिक साय, नगर पालिका अध्यक्ष श्री अरविन्द भगत, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री शौर्य प्रताप सिंह जूदेव, नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री यश प्रताप सिंह जूदेव, श्री भरत सिंह,श्री कृष्ण कुमार राय, श्री विजय आदित्य प्रताप सिंह जूदेव, कमिश्नर श्री नरेंद्र दुग्गा, आईजी श्री दीपक कुमार झा, कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ लाल उमेद सिंह, वनमण्डलाधिकारी श्री शशि कुमार, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार सहित भारी संख्या में लाभार्थी श्रमिकगण मौजूद थे।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में उपस्थित जनसमूह को आश्वस्त करते हुए कहा कि मध्य एशिया में चल रहे युद्ध के कारण पेट्रोलियम पदार्थों के आयात में कुछ व्यवधान उत्पन्न हुआ है। तथापि, प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की सुदृढ़ विदेश नीति तथा विभिन्न देशों के साथ बेहतर समन्वय के चलते पेट्रोल, डीज़ल एवं एलपीजी गैस की आपूर्ति निर्बाध रूप से जारी रहेगी और आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार श्रमिकों के कल्याण के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। श्रमिकों के हित में केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा 70 से अधिक योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने बताया कि श्रमिकों के बच्चों के बेहतर भविष्य को ध्यान में रखते हुए निजी विद्यालयों में प्रवेश हेतु सीटों की संख्या 100 से बढ़ाकर 200 कर दी गई है। साथ ही, अपंजीकृत श्रमिकों के कल्याण के लिए भी सरकार गंभीरता से कार्य कर रही है। दीनदयाल उपाध्याय कृषि मजदूर कल्याण योजना के माध्यम से अब तक लगभग 496 करोड़ रुपये की राशि हितग्राहियों के खातों में अंतरित की जा चुकी है।
मुख्यमंत्री ने अपने केंद्रीय श्रम मंत्री के कार्यकाल का उल्लेख करते हुए कहा कि जब उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को यह जानकारी दी कि मजदूरों के भविष्य निधि में लगभग 27 हजार करोड़ रुपये की राशि अनक्लेम्ड पड़ी है, तब उनके निर्देशानुसार इस राशि का उपयोग श्रमिकों के कल्याण के लिए किया गया तथा पीएफ व्यवस्था को यूनिवर्सल बनाया गया। उन्होंने आगे बताया कि ‘दीदी ई-रिक्शा सहायता योजना और मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक आवास सहायता योजना के तहत दी जाने वाली सहायता राशि को बढ़ाकर 1.50 लाख रुपये कर दिया गया है।
कार्यक्रम में श्रम मंत्री श्री लखनलाल देवांगन ने कहा कि श्रमिकों के कल्याण हेतु राज्य में 3 मंडल एवं 70 से अधिक योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने बताया कि राज्य के सभी जिलों में कुल 52 श्रमिक सम्मेलन आयोजित करने की योजना है, जिनमें से अब तक 12 सम्मेलन सफलतापूर्वक संपन्न हो चुके हैं। साथ ही, अब तक 800 करोड़ रुपये से अधिक की राशि डीबीटी के माध्यम से श्रमिकों के बैंक खातों में सीधे अंतरित की जा चुकी है।

*12 श्रमिक कल्याणकारी योजनाओं से राज्य के 79,340 श्रमिक लाभान्वित*

विभिन्न श्रमिक कल्याणकारी योजनाओं के अंतर्गत राज्य के 79,340 निर्माण श्रमिकों एवं उनके परिजनों को 27 करोड़ 14 लाख 97 हजार रुपए से अधिक की राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में अंतरित किए। जिनमें दीदी ई-रिक्शा सहायता योजना के अंतर्गत 14 हितग्राहियों को 14 लाख 32 हजार रुपए, मिनीमाता महतारी जतन योजना के अंतर्गत 1960 श्रमिकों को 3 करोड़ 92 लाख रुपए, मुख्यमंत्री निर्माण मजदूर सुरक्षा उपकरण सहायता योजना के तहत 297 श्रमिकों को 4 लाख 45 हजार र 500 रुपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक आवास सहायता योजना अंतर्गत 9 हितग्राहियों को 9 लाख रुपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता योजना के अंतर्गत 20 हितग्राहियों को 20 लाख रुपए, मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना के तहत 325 श्रमिकों के बच्चों को 38 लाख 88 हजार 374 रुपए, मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना के अंतर्गत 3040 श्रमिकों को 6 करोड़ 08 लाख रुपए, मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के तहत 71220 श्रमिकों के बच्चों को 14 करोड़ 53 लाख 96 हजार 500 रुपए, मुख्यमंत्री श्रमिक औजार सहायता योजना के अंतर्गत 1142 श्रमिकों को 39 लाख 50 हजार 624 रुपए, मुख्यमंत्री श्रमिक सियान सहायता योजना के तहत 526 हितग्राहियों को 1 करोड़ 5 लाख 20 हजार रुपए, मुख्यमंत्री सायकल सहायता योजना अंतर्गत 784 श्रमिकों को 29 लाख 04 हजार 082 रुपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक आवास सहायता योजना के अंतर्गत 9 हितग्राहियों को 9 लाख रुपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक दीर्घायु सहायता योजना के अंतर्गत 3 श्रमिकों को 60 हजार रुपए अंतरित किए जाएंगे।

*जिले के 1365 निर्माण श्रमिकों को 49.35 लाख रुपए अंतरित*

कार्यक्रम में जशपुर जिले के 1365 निर्माण श्रमिकों को 49 लाख 35 हजार 500 रुपए की राशि अंतरित किए गए। जिनमें मिनीमाता महतारी जतन योजना अंतर्गत 26 श्रमिकों को 5 लाख 20 हजार रुपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक आवास सहायता योजना अंतर्गत 01 श्रमिक को 01 लाख रुपए, मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना अंतर्गत 17 श्रमिकों के बच्चों को 01 लाख 97 हजार रुपए, मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना अंतर्गत 66 श्रमिकों को 13 लाख 20 हजार रुपए, मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के तहत 1241 श्रमिकों के बच्चों को 24 लाख 38 हजार 500 रुपए, मुख्यमंत्री श्रमिक सियान सहायता योजना के तहत 13 श्रमिकों को 2 लाख 60 हजार रुपए और मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता योजना 01 श्रमिक को 01 लाख रुपए अंतरित किए गए।

The Prime News
Author: The Prime News

Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement Carousel
Advertisements
और पढ़ें
error: Content is protected !!