दुर्ग, जिले में सुगम और सुरक्षित यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए दुर्ग ट्रैफिक पुलिस ने ऑपरेशन सुरक्षा अभियान के तहत नियम तोड़ने वाले ई-रिक्शा और ऑटो चालकों पर सख्त कार्रवाई की है। बीते एक दिन पहले ही इन चालकों को यातायात नियमों की जानकारी देकर सावधानी बरतने की समझाइश दी गई थी, मगर निर्देशों की अनदेखी करने वालों को बख्शा नहीं गया।
पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, 01 जनवरी से लेकर 24 जून 2025 तक कुल 569 चालकों पर कार्रवाई की गई है। इनमें से अधिकतर चालक वर्दी नहीं पहनते, अधिक सवारी बैठाते हैं, या फिर बिना लाइसेंस के वाहन चला रहे थे।
पहले दी समझाइश, अब करवाई कार्रवाई
यातायात पुलिस ने एक दिन पूर्व चालकों को नियमों की स्पष्ट जानकारी दी थी—
बिना वर्दी वाहन न चलाएं
अधिक सवारी न बैठाएं
बिना लाइसेंस वाहन न चलाएं
नो-पार्किंग में वाहन खड़ा न करें
नशे में वाहन न चलाएं
वाहन चलाते समय यातायात नियमों का पालन करें
इसके बावजूद कई चालकों ने नियमों की अनदेखी की, जिस पर पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए कार्रवाई की। कई मामलों में चालान भी काटे गए और कुछ वाहन जब्त किए गए।
“ऑपरेशन सुरक्षा” के चार मुख्य लक्ष्य
दुर्ग यातायात पुलिस द्वारा इस अभियान के तहत चार महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर एक साथ काम किया जा रहा है—
1. सड़कों और चौराहों की तकनीकी खामियों को दुरुस्त करना
2. अतिक्रमण हटाना और अवैध पार्किंग पर नियंत्रण
3. यातायात जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन
4. दुर्घटनाओं के कारणों की पहचान कर दोषियों पर कार्रवाई
यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यह कार्रवाई केवल शुरुआत है। आगे भी नियम तोड़ने वालों पर सख्त कदम उठाए जाएंगे। जनता से अपील की गई है कि नियमों का पालन करें और सुरक्षित यातायात व्यवस्था में सहयोग दें।




