जशपुर प्रदेश नेतृत्व के निर्देशानुसार आज भारतीय जनता पार्टी जिला जशपुर द्वारा डोकड़ा मण्डल में पूर्व प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विष्णु देव साय एवं पूर्व सांसद नंदकुमार साय के उपस्थिति में छत्तीसगढ़ में ईडी के छापों को लेकर एक प्रेस वार्ता आयोजित की गई
जिसमें मुख्य वक्ता लोकसभा सांसद गोमती साय एवं प्रदेश भाजपा मंत्री प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने छत्तीसगढ़ में भ्रष्टाचार की पोल खोल रहे ईडी के छापो पर प्रेस वार्ता लेते हुए कहा कि ईडी के प्रेस नोट ने छत्तीसगढ़ में हो रहे बड़े भ्रष्टाचार के रैकेट की पोल खोल दी है हम सब ने कभी सोचा भी नहीं था कि कांग्रेस के शासन में छत्तीसगढ़ में छत्तीसगढ़ के आदिवासियों किसानों आम जनता के मेहनत का पैसा भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ जाएगा एक तरफ सरकारी योजनाओं को देने के लिए सरकार के पास पैसे नहीं हैं और दूसरी तरफ छत्तीसगढ़ में सरकारी संरक्षण में भ्रष्टाचार ने अपनी सारी सीमाएं लांध दिया हैं यह छत्तीसगढ़ के इतिहास के लिए काला अध्याय है
भीषण सड़क हादसा, एक ही परिवार से तीन की मौत, मरने वालों में पिता-पुत्र सहित मां, गांव में शोक की लहर।
बड़ा दुर्भाग्य है कि कांग्रेस के शासन में भ्रष्टाचार के लिए पूरा रैकेट बनाया गया है जिसमें वरिष्ठ नौकरशाह ,व्यापारी, राजनेता और बिचौलिए जुड़े हैं और छत्तीसगढ़ राज्य में परिवहन किए गए प्रत्येक टन कोयले से 25 रू प्रति टन की अवैध वसूली कर रहे हैं प्रतिदिन दो से तीन करोड़ रुपए जबरन वसूले जा रहे हैं इस प्रकार हजारों करोड़ रुपए वसूली कर गलत कृत्य में इस्तेमाल किए जा रहे हैं
ईडी के प्रेस नोट का हवाला देते हुए कहा कि ईडी ने करीब 4.5 करोड़ रुपए की बेहिसाब नकदी ,सोने के आभूषण, सराफा और करीब 2 करोड़ रू मूल्य के अन्य कीमती सामान जप्त किए हैं कहा कि भ्रष्टाचार करने के लिए बकायदा नियम बदले गए कोयले की खदानों में उपयोगकर्ताओं तक मैनुअल जारी करने के लिए ई-परमिट की पूर्व ऑनलाइन प्रक्रिया को संशोधित किया गया था अनापत्ति प्रमाण पत्र इस संबंध में कोई एसओपी या प्रक्रिया परिचालित नहीं की गई थी भ्रष्टाचार किस प्रकार से किस प्रक्रिया के तहत किया जा रहा है इसकी भी विस्तार जानकारी ईडी ने अपने प्रेस नोट में दी है 15 जुलाई से बिना किसी एस ओ पी के 30 हजार से अधिक एनओसी जारी किए गए हैं आवक और जावक रजिस्टरों का रखरखाव नहीं किया गया था अधिकारियों की भूमिका पर कोई स्पष्टता नहीं है ट्रांसपोर्टर का नाम कंपनी का नाम आदि जैसे कई विवरण खाली छोड़ दिए गए हैं
तलाशी एवं जांच के दौरान लक्ष्मीकांत तिवारी के पास से 1.5 करोड़ रुपए नकद बरामद किए गए उसने स्वीकार किया है कि वह रोजाना 1-2 करोड़ की जबरन वसूली करता था जिन अधिकारियों की शिकायत को आधार बनाकर मुख्यमंत्री जी ईडी पर कार्यवाही की बात कर रहे थे उनके घर 47 करोड़ रुपए की बेहिसाब नकदी और 4 किलो के सोने के आभूषण पाए गए जरा मुख्यमंत्री जी और सरकार बताएं अधिकारियों के पास इतने पैसे और सोने मिलने पर उन्हें आश्चर्य नहीं हुआ
*भाजपा ने प्रेस वार्ता के माध्यम से कांग्रेस सरकार से सवाल पूछा है कि*
ईडी के प्रेस नोट में विस्तार से भ्रष्टाचार की प्रक्रिया जप्त की गई बेहिसाब राशि, आभूषण ,नकदी की जानकारी आने के बाद मुख्यमंत्री जी इस्तीफा कब देंगे, भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही लड़ाई में बाधा बनने के लिए क्या मुख्यमंत्री जनता से माफी मांगेंगे, क्या कांग्रेस सरकार अब यह बताएगी कि अधिकारियों ,राजनेताओं, व्यापारियों का यह भ्रष्टाचार रैकेट 10 जनपद दिल्ली में कितने रुपए पहुंचा रहा है ,अधिकारियों के घर से नकदी आभूषण और अनेक बेहिसाब चीजें मिलने के बाद भी अब उन पर निलंबन की कार्यवाही क्यों नहीं हुई है, जो लोग सरकारी पदों पर यह सरकार द्वारा मनोनीत हैं और जिन पर जांच हुई है उन्हें तत्काल प्रभाव से हटाया क्यों नहीं गया
छापे अधिकारियों के घर में हो रहे हैं तो कांग्रेसियों के पेट में दर्द क्यों हो रहा है कांग्रेस के छोटे-छोटे कार्यकर्ता उनकी पैरवी क्यों कर रहे हैं मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ की जनता से माफी मांगे अधिकारियों की पैरवी सीएम क्यो कर रहे हैं दिल्ली सहित हिमाचल , गुजरात चुनाव में एटीएम की तरह फिर कितने फंडिंग करने जा रहे हैं रानू साहू , सौम्य चौरसिया जैसे भ्रष्ट अधिकारियों पर कांग्रेसियों की जान क्यों अटकी है।
प्रेस वार्ता के मुख्य रूप से जिला पंचायत अध्यक्ष रायमुनी भगत, जिला भाजपा अध्यक्ष रोहित साय सहित पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित रहे।




